शुक्रवार, 13 मई 2016

आसान है....

इस मायूस रात के ......
सैकड़ों सितारों से बातें करने से बेहतर है
उस उजले दिन के ...
सूरज की आँख में आँख डाल कर देखना
करके देखिये ....ज्यादा आसान है

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लिपि

दुःख .... छोटी लिपि का अत्यंत बड़ा शब्द