शुक्रवार, 12 फ़रवरी 2016

मुहब्बत.....

दिल के समुंदर की हवाएं भी आज खुश्क हैं
लगता है सेहरा को मुझसे मुहब्बत हो गयी है

कोई टिप्पणी नहीं:

एक टिप्पणी भेजें

बिम्ब

एक शब्द लिखकर सैंकड़ों बिम्ब देखोगे? लिखो.... "प्रेम" मैं चुप थी पर चुप्पी कभी नहीं थी मेरे पास अब बस चुटकी सा दिन बचा है । अप...